Sunday, December 9, 2012

रखना इतना यकीन

गम में मेरे जब तेरी शरारती गुमसुम आँखें भीगेंगी,
मुझे याद करने से जब दिल तेरा कुछ भारी होगा,
तुझे याद आएगा जब हमारा साथ में खिलखिलाना,
रखना इतना यकीन, मेरा भी हाल कुछ ऐसा ही होगा !

कभी जो तुम्हे लगे की काश हम साथ होते,
सोचो जो कि  काश एक दूजे के बहुत पास होते,
जब मन हो थामने का मेरा हाथ उसी एहसास से,
रखना इतना यकीन, मैं भी लौटना चाहता हूँ...
-अनुराग